लोकार्पण के बाद आम जनों के लिए खोला जाएगा जियो म्यूजियम
ग्वालियर।
महाराज बाड़े पर पुराने विक्टोरिया मार्केट में जीसीआई द्वारा निर्मित देश की प्रथम जियोलॉजिकल म्यूजियम की एक गैलरी शनिवार को कोलकाता की एजेंसी द्वारा भारत सरकार के खनन मंत्रालय के डायरेक्टर ऑफ जनरल को डॉक्टर एस राजू को हैंडओवर की गई। इस अवसर पर भारत सरकार के खनन मंत्रालय के डायरेक्टर ऑफ जनरल को डॉक्टर एस राजू ने बताया कि भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण शुरू से इंडियन म्यूजियम कोलकाता का तीन गैलरी मेन्टेन करते है ।
भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण के 6 क्षेत्रीय कार्यालय, और 28 राज्य इकाई कार्यालय में भूविज्ञान संग्राहलय है, लेकिन पूर्ण रूप से भूविज्ञान संग्रहालय ₹35 करोड़ रुपए की लागत से ग्वालियर में पहली बार बन रहा है। भूविज्ञान संग्राहलय महाराजा बाड़ा, ग्वालियर में दो गैलरी है, जिसमे प्रथम गैलरी का नाम परिवर्तनशील पृथ्वी और दूसरी का जीवन का विकास है। इसमें से प्रथम गेलरी, परिवर्तनशील पृथ्वी पूर्ण रूप से तैयार हो चुकी है। शीघ्र ही इसका लोकार्पण किया जाएगा। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त किशोर कन्याल, जीएसआई के डिप्टी डायरेक्टर ऑफ जनरल सुब्रासूचित सरकार, प्रोजेक्ट के नोडल ऑफिसर पवन सिंघल, महेंद्र अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
परिवर्तनशील पृथ्वी गैलरी में सात एन्क्लेव
डॉक्टर एस राजू ने बताया कि परिवर्तनशील पृथ्वी गैलरी में सात एन्क्लेव है, जो निम्नलिखित है।
एन्क्लेव- 1:
a) हमारे ग्रह का जन्म
b) पृथ्वी की कहानी
c) हमारी पृथ्वी के अंदर
d) पृथ्वी की स्तर प्रतिमा
e) पृथ्वी के केंद्र की यात्रा
एन्क्लेव- 2:
a) पेजिया
(b) जिग्सो पजल
c) भारत कहाँ था?
(d) महान हिमालय

एन्क्लेव- 3:
a) वल्कन की कहानी
b) एक ज्वालामुखी का परिचय c) ज्वालामुखी के प्रकार
d) तुम बालकेन हो
e) ऐतिहासिक घटनाएँ
f) भविष्य की ज्वालामुखी घटनाएं/चेतावनी
एन्क्लेव- 4:
a) भूकंप सिम्युलेटर
b) भूकंप को मापना
c) चीनी सीस्मोग्राफ
d) भूकंप क्या है।
e) अधिकेंद्र ढूँढना
f) रिक्टर पैमाने
g) प्लेट बाउंड्रीज
h) रिंग ऑफ़ फायर
एन्क्लेव- 5:
(a) पत्चिन
b) जीएसआई का समुद्री अन्वेषण
(c) डेक्कन ट्रैप और इसका गठन
(d) डेक्कन के जिओलाइट्स
(e) डेक्कन से डायनासोर का विलुप्त होना
f) बंजर द्वीप
g) सबसे पुरानी चट्टान
एन्क्लेव- 6:
a) वह क्षेत्र जो हमारे ग्रह की रक्षा करता है (पृथ्वी का चुंबकीय क्षेत्र)
(b) क्षेत्र के उन्मुखीकरण का पता लगाना
c) कोर पर चुंबक (जियोमैप्रेटिज्म की उत्पत्ति)
d) ध्रुवीय भटकन और चुंबकीय उत्क्रमण
e) शिला चक्र
f) खनिज की पहचान
g) डायमेंसन स्टोन
एन्क्लेव- 7:
a) रत्न पत्थर
(b) उल्कापिंड
c) कोपला
d) मिट्टी की रूपरेखा
ग्वालियर अंचल के लिए भविष्य योजनायें :-
जीएसआई के डायरेक्टर ऑफ जनरल डॉक्टर एस राजू ने बताया कि आगामी भविष्य में ग्वालियर को भू-पर्यटन के रूप में तैयार किया जाएगा।
इसके साथ ही ग्वालियर के निकट राष्ट्रीय भू-पर्यटन/ भू-विरासत स्थलों के भ्रमण की व्यवस्था करना।
• चंबल बीहड़, मुरैना जिला, मध्य प्रदेश ।
• उल्कापिंड के प्रभाव से बना गड्डा, ढाला, शिवपुरी जिला, मध्य प्रदेश ।
• भू-विरासत स्थल के रूप में ग्वालियर जिले के पिछोर में ऑर्बिकुलर ग्रेनाइट साइट का विकास करना।
• छात्रों और आम लोगों के लिए भूविज्ञान को लोकप्रिय बनाने के लिए ई व्याख्यान श्रृंखला।
• छात्रों के साथ-साथ आम लोगों के लिए चट्टानों और खनिजों को पेश करने के लिए ग्वालियर शहर में और उसके आसपास भूवैज्ञानिक ट्रैवर्स तैयार करना।












