कलेक्टर ने बना दिये लंबे चौड़े सवाल, तीन दिन में देना होगी जांच रिपोर्ट, सवालः जांच समिति कमियां निकालने की क्या हिम्मत जुटा पाएगी
विशेष संवाददाता, ग्वालियर।
ग्वालियर शहरी क्षेत्र के नामचीन दो मैरिज गार्डन, संगम वाटिका और रंगमहल, आगजनी में जलकर खाक हो गये। जिनके घर में ब्याह था वे, उनके परिजन, मेहमान, रिश्तेदार, प्रशासन, नेता और शहर के लोगों को इस बात से बड़ी राहत मिली कि इतने भयानक अग्निकांड में कोई जनहानि नहीं हुई।
एजी ऑफिस पुल के पास स्थित दोनों वाटिकाओं के संचालक नरेश खंडेलवाल को बड़ा आर्थिक नुकसान हुआ है। इसलिए मप्र विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर के पहुंचते ही संचालक उनके कंधे पर सिर रखकर रो उठे। अब प्रशासन की नींद खुली है। कलेक्टर साहिबा रूचिका चौहान सक्रिय हो गईं और जांच समिति बनाते हुए लंबे चौड़े सवाल भी बनाकर दे दिये। समिति में एसडीएम विनोद सिंह, सीएसपी हिना खान, फायर अधिकारी अतिबल सिंह यादव, कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी महावीर राठौत और इलेक्ट्रिक के सब इंजीनियर आरएस वैश्य को शामिल किया है। अब सवाल खड़ा होता है क्या बिग बॉस की एंट्री होने के बाद प्रशासन निष्पक्ष जांच कर पाएगा और यदि जांच निष्पक्ष हुई तो क्या फैसला निष्पक्ष लिया जाएगा ??

सवाल तो खड़े होंगे ही
अब सवालों पर सवाल फिर खड़ा हो गया है। वह यह कि जांच समिति क्या मैरिज गार्डन संचालकों की गलतियां पकड़ पाएगी और यदि पकड़ भी लीं तो क्या उसे कागज पर लिख पाएंगी, और यदि कागज पर लिखकर कलेक्टर साहिबा को दे दी तो क्या वे जिम्मेदार या लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त निर्णय ले पाएंगी। इन सबसे उत्तर तीन रोज बाद पता चला, क्योंकि समिति को जांच रिपोर्ट देने के लिए तीन दिन का समय दिया है।
लेकिन सवाल इसलिए खड़े होने लगे हैं क्योंकि मप्र विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर जब गार्डनों का नजारा देखने पहुंचे तो संचालक खंडेलवाल उनसे लिपटकर रो उठे। ऐसे में जांच समिति क्या गार्डन संचालकों की खामियां निकाल पाएगी या जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही या मनमानी पर कोई कड़ा फैसला ले पाएगी।












