JU: पीएम ऊषा योजना में जेयू को मिली 100 करोड़ की ग्रांट,रिसर्च एक्टिविटीज बढ़ाने के साथ बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने में मिलेगी मदद

0
229

पीएम ने वर्चुअल रूप से कनेक्ट होकर सुपुर्द की धनराशि

देश के शिक्षण संस्थान की जड़ें जितना मजबूत होंगी देश के विकास की जड़ें उतना ही मजबूत होंगी-PM

ग्वालियर।

जीवाजी विश्वविद्यालय को पीएम ऊषा योजना के तहत मंगलवार को बहु विषयक शिक्षा एवं शोध संस्थान (मेरू) की अनुदान राशि 100 करोड़ रुपए मिली है।इसके मिलने से जेयू की रिसर्च एक्टिविटीज को बढ़ाने और बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने में मदद मिलेगी।मानव संसाधन विकास मंत्रालय एमएचआरडी के तहत संचालित पीएम उषा योजना में देश भर के 35 यूनिवर्सिटीज को 100-100 करोड़ और 75 यूनिवर्सिटीज को 20-20 करोड़ रुपये की ग्रांट दी जाती है।जेयू ने दोनों कैटेगरी में आवेदन किया था। इसमें 100 करोड़ वाली कैटेगरी में यूनिवर्सिटी का चयन हुआ है।

प्रयोगशाला सहित रिसर्च को मिलेगा बढावा
नैक की ए++ ग्रेडिंग मिलने वाला जेयू मध्य प्रदेश का एक मात्र विश्वविद्यालय है। इस रकम के मिलने से विश्वविद्यालय में डिपार्टमेंट्स की प्रयोगशाला,रिसर्च व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा।

म.प्र. की तीन यूनिवर्सिटी को मिली 100 करोड़ की ग्रांट

जीवाजी यूनिवर्सिटी के अलावा पीएम उषा के तहत विक्रम विश्वविद्यालय उज्जैन,बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय भोपाल को 100 करोड़ रुपए की ग्रांट मिली है।

कार्यक्रम को वर्चुअल रूप से संबोधित करते हुए पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश के शिक्षण संस्थान की जड़ें जितनी मजबूत होंगी देश के विकास की जड़ें उतनी ही मजबूत होंगी।

कार्यक्रम में कुलगुरु प्रोफेसर अविनाश तिवारी ने कहा कि पीएम उषा योजना के तहत जेयू ने 100 करोड़ की ग्रांट हांसिल की है। इससे यूनिवर्सिटी की बेसिक इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारने और रिसर्च एक्टिविटीज को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी।उन्होंने कहा कि हम डिजिटल युग की ओर बढ़ रहे हैं। पीएम उषा अनुदान से विश्वविद्यालय का विकास होगा।

कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित सांसद विवेक नारायण शेजवलकर ने कहा कि मोदी जी के नेतृत्व में अनुसंधान को बढ़ावा मिला है। उनका नारा है जय जवान, जय किसान, जय विज्ञान, जय अनुसंधान। विद्यार्थियों को इस अनुदान से और अधिक सुविधाएं मिलेंगी।

कार्यक्रम का शुभारंभ ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के मुख्य आतिथ्य में हुआ। विशिष्ट अतिथि के रूप में सांसद विवेक नारायण शेजवलकर, अतिरिक्त संचालक उच्च शिक्षा विभाग प्रो.के रत्नम व विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी उच्च शिक्षा विभाग डॉ.अजय अग्रवाल उपस्थित रहे।अध्यक्षता जेयू के कुलपति प्रो.अविनाश तिवारी ने की।सभी अतिथियों ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण व द्वीप प्रज्ज्वलन किया। कार्यक्रम में सभी अतिथियों को शॉल श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया।इस अवसर पर कार्यपरिसद सदस्य संजय यादव, प्रदीप शर्मा का भी स्वागत किया।इस मौके पर कुलाधिसचिव प्रो. डीएन गोस्वामी, कुलसचिव अरूण सिंह चौहान,प्रो. डीसी गुप्ता, प्रो जे एन गौतम, डॉ एम के गुप्ता, डॉ पी के जैन, डॉ आई के पत्रों, प्रो एस के सिंह, डॉ संजीव गुप्ता, प्रो बी पी एस जादौन,उप कुलसचिव राजीव मिश्रा, कुलदीप सिंह चौहान,राकेश सिंह गुर्जर, राजभदौरिया, संजय भदौरिया,अमित सिसौदिया, कार्य परिषद सदस्य प्रदीप शर्मा,संजय यादव,जेयू के अधिकारी कर्मचारी सहित छात्र एवं छात्राएं उपस्थित रहे।

100 करोड़ से मिलेगा रिसर्च को बढ़ावा

नई शिक्षा नीति में रिसर्च को बढ़ावा देने पर जोर है। एमएचआरडी ने देश के टॉप 35 स्टेट यूनिवर्सिटीज का चयन कर उनको 100 करोड़ रुपए की ग्रांट दी है।इनमें जेयू भी शामिल है। इससे यूनिवर्सिटी में रिसर्च को बढ़ावा देने के साथ मूलभूत ढांचे को दुरुस्त करने का काम किया जा सकेगा।

आवेदन में दिया था रकम खर्च करने का ब्यौरा

जीवाजी यूनिवर्सिटी ने 100 करोड़ और 20 करोड़ दोनों कैटेगरी में ग्रांट के लिए आवेदन किया था।यूनिवर्सिटी की ओर से आवेदन के साथ ही रकम के इस्तेमाल का ब्यौरा भी दिया गया था। इसमें 100 करोड़ रुपए से गर्ल्स हॉस्टल,रिसर्च हॉस्टल,ओवरहेड टैंक,वर्षा जल संचयन/शुद्धिकरण प्रणाली,भवनों का विस्तार,पुरानी इमारतों का रखरखाव,जैसे फर्श, बिजली की वायरिंग,जल आपूर्ति लाइन,स्वच्छता/सीवरेज,अनुसंधान प्रयोगशालाओं और प्रयोगशाला प्रयोगों के लिए विभिन्न प्रमुख उपकरण का भी विवरण जेयू प्रशासन ने जमा किया था।अब ग्रांट मिलने के बाद इन परियोजनाओं के जल्द शुरू होने की उम्मीद है।
इस अवसर पर प्रो डी सी गुप्ता ने प्रज्नटेशन दिया।

LEAVE A REPLY